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वन कर्मचारी संघ का आरोप: पीसीसीएफ वी.श्रीनिवास राव का रवैया तानाशाही : सेवा नियमों में बदलाव और संविदा नियुक्तियों पर संघ ने जताया विरोध

Aaj Ki Dahaad News

Sun, Jan 18, 2026

रायपुर-छत्तीसगढ़ वन कर्मचारी संघ ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर प्रधान मुख्य वनसंरक्षक एवं वन बल प्रमुख वी. श्रीनिवास राव पर गंभीर आरोप लगाए हैं। संघ का कहना है कि पीसीसीएफ द्वारा वनक्षेत्रपाल के 5 प्रतिशत पदों को विज्ञान स्नातक कर्मचारियों से विभागीय परीक्षा के माध्यम से भरने संबंधी सेवा भर्ती नियमों में संशोधन का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है, जो स्वीकृत पदों और वरिष्ठ कर्मचारियों के साथ अन्याय है।

संविदा भर्ती पर सवाल, पदोन्नति प्रभावित होने का आरोप

संघ ने आरोप लगाया है कि सेवानिवृत्त अधिकारी और कर्मचारियों को संविदा पर नियुक्त किए जाने का संगठन लंबे समय से विरोध करता आ रहा है,लेकिन इसके बावजूद पीसीसीएफ द्वारा अपने चहेते सेवानिवृत्त अधिकारियों को संविदा भर्ती के जरिए पदस्थ किया जा रहा है। इससे न केवल शासन की राशि का दुरुपयोग हो रहा है, बल्कि विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों की पदोन्नति भी प्रभावित हो रही है।संघ का कहना है कि संविदा अधिकारी कर्मचारियों पर अनावश्यक दबाव डालकर कार्य कराते हैं।

दैनिक वेतनभोगियों से वर्दी पहनवाने का आरोप

प्रेस विज्ञप्ति में यह भी कहा गया है कि विभाग में कार्यरत दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी जैसे वाहन चालक, प्यून और चौकीदार, जिन्हें नियम अनुसार वर्दी पहनने की पात्रता नहीं है, उनसे भी वर्दी धारण कराकर काम लिया जा रहा है, जो स्पष्ट रूप से नियम विरुद्ध है।

कर्मचारी संगठनों से अभद्र व्यवहार का मुद्दा

संघ ने आरोप लगाया है कि मुख्यालय स्तर पर पदस्थ वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा कर्मचारी संगठनों के पदाधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया गया, जिसकी जानकारी पीसीसीएफ को दिए जाने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। संगठन का आरोप है कि इसके बजाय दमन की नीति अपनाई जा रही है।

स्थानांतरण नीति उल्लंघन का आरोप

वन कर्मचारी संघ ने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ शासन के स्पष्ट आदेशों के बावजूद वर्दीधारी बल के स्थानांतरण और पदस्थापना नियमों की अनदेखी की जा रही है। नियमों को ताक पर रखकर कार्यआंबटन के नाम पर स्थानांतरण, पदस्थापना और संलग्नीकरण किए जा रहे हैं।

संघ का आरोप है कि क्षेत्रीय अधिकारियों पर दबाव बनाकर वरिष्ठ अधिकारियों को हटाकर कनिष्ठ कर्मचारियों को प्रभार दिया जा रहा है, जो नियमों के खिलाफ है। इससे पूरे विभाग में भय का माहौल बन गया है।छत्तीसगढ़ वन कर्मचारी संघ ने पीसीसीएफ एवं वन बल प्रमुख के कथित तानाशाही रवैये का कड़ा विरोध किया है। संघ ने घोषणा की है कि इस पूरे मामले को लेकर माननीय मुख्यमंत्री और वन मंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा।

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छत्तीसगढ़

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